जल जीवन मिशन के कार्यान्वयन में प्रदेश अव्वल: महेंद्र सिंह

राजेश व्यास । पालमपुर

जल शक्ति, राजस्व, बागवानी एवं सैनिक कल्याण मंत्री, महेंद्र सिंह ठाकुर ने रविवार को पालमपुर में कांगड़ा और चंबा में जलशक्ति तथा उद्यान विभाग के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में जयसिंहपुर के विधायक रविंदर धीमान, बैजनाथ के विधायक मुलख राज प्रेमी, ज्वाली के विधायक अर्जुन ठाकुर, धर्मशाला के विधायक विशाल नेहरिया, निदेशक उद्यान विभाग डॉ0 के सी आजाद सहित जल शक्ति और उद्यान विभाग के उच्च अधिकारी मौजूद रहे।

महेंद्र सिंह ने कहा कि जल जीवन मिशन भारत सरकार का महत्वकांक्षी कार्यक्रम है, जो पूरे देश में मिशन के रूप में चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश को जल जीवन मिशन प्रभावी कार्य करने के लिए देश भर में प्रथम स्थान पर आंका गया है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि जल जीवन मिशन के सभी कार्यों में तेजी लाकर समयबद्ध पूरा किया जाये।

उन्होंने कहा कि अधिकारियों से काम लेना सरकार का दायित्व है और अपने कर्मचारियों तथा अधिकारियों के हितों की रक्षा भी सरकार की जिम्मेवारी है जिसे मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर के नेतृतव में सरकार बखुबी निभा रही है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को भी पूरी कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी से कार्य कार्य करें ताकि आम लोगों को योजनाओं का लाभ प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि किसी भी कार्य में ढ़िलाई को किसी भी रूप में सहन नहीं किया जायेगा। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देश दिये कि अधिकारी स्थानीय विधायकों को विश्वास में लेकर उनकी प्राथमिकता के अनुसार कार्य करें। उन्होंने कहा कि अब दोनों विभागों के कार्य प्रगति को जानने और देखने के लिये अगली मीटिंग किसी बंद हाल में नहीं बल्कि उस योजना स्थल पर ही होगी।

उन्होंने कहा कि जल शक्ति विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी योजनाओं की टेंडर इत्यादि प्रक्रियाओं में अधिक तेजी लायी जाए, ताकि लोगों तक समय पर इनका लाभ प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि 1 करोड़ से कम वाली सभी योजनाओं के टेंडर खोलने का समय 7 दिन तथा अवार्ड करने का समय 14 दिन, 1 करोड़ से 5 करोड़ तक कि योजनाओं के टेंडर खोलने का समय 14 दिन और 28 दिन अवार्ड करने तथा 5 करोड़ से अधिक के टेंडर खोलने का समय 14 दिन तथा अवार्ड करने का समय 35 दिन निर्धारित किया गया है।

उन्होंने कहा कि बागवानी क्षेत्र में प्रदेश का भविष्य है और प्रदेश के किसानों के स्वावलंबन में बागवानी सबसे बेहतर विकल्प है। उन्होंने कहा कि सरकार ने निचले हिमाचल के लिये भी बागवानी क्षेत्र में लोगों को प्रोत्साहित करने के लिये महत्वकांशी शिवा परियोजना आरम्भ की है। उन्होंने कहा कि हरसीपत्तन पुल से सुजानपुर पुल ब्यास नदी के किनारे वाले क्षेत्र में फल इत्यादि उत्पादन की अपार संभावनाएं हैं।उन्होंने इस क्षेत्र को शिवा परियोजना के तहत लाने का कार्य करने का निर्देश अधिकारियों को दिये। उन्होंने जल शक्ति विभाग और उद्यान विभाग को केंद्र प्रायोजित सभी स्कीमों पर कार्य कर लोगों तक लाभ पहुंचाने के निर्देश भी दिये।

इससे पहले उन्होंने शिवा परियोजना में आरम्भ किये 3 प्रोजेक्ट साइटों जयसिंहपुर उपमंडल की त्रेहल और लाहट बैजनाथ उपमंडल की सेहल का मौके पर निरीक्षण किया और विभाग को इस परियोजना के कार्यो में तेजी लाने के निर्देश दिये।