हिरासत में लिए सभी विदेशी ताइवानी नागरिक

शिमला, 13 जून ।

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिला के चौंतड़ा से हिरासत में लिए गए 8 विदेशी नागरिकों के रहस्य से पर्दा उठना शुरू हो गया है। मंडी पुलिस ने कल देर रात आठ विदेशी युवकों को भारतीय व विदेशी मुद्रा सहित अवैध तरीके से भारत में रहने के आरोप में गिरफतार किया था। शुरूआती जांच में सभी नागरिकों को चीन से जोडक़र देखा जा रहा था।

प्रदेश सरकार के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने आज यहां बताया कि गिरफतार किए गए सभी विदेशी ताइवान के रहने वाले हैं तथा इनके पास रिपब्लिक ऑफ चाइना के पासपोर्ट मिले हैं। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक एसआर मरड़ी ने बताया कि इन विदेशी नागरिकों की उपस्थिति यहां किन कारणों से हैं इस पर जांच जारी है। जांच होने पर ही सभी तथ्य सामने आएंगे और इनकी मौजूदगी से रहस्य उठ पाएगा।

इससे पहले मंगलवार देर रात पुलिस ने मण्डी जिले के जोगिन्द्रनगर थानान्तर्गत चौंतड़ा में एक नवनिर्मित मकान में ठहरे आठ ताइवानी नागरिकों को गिरफ्तार किया। मण्डी पुलिस अधीक्षक अभिषेक दुल्लर ने बताया कि इनके कब्जे से 30 लाख रूपये नकद, कुछ नकली नोट सहित क्रेडिट कार्ड, एटीम कार्ड, बड़ी संख्या में विदेशी डालर और करेंसी पाई गई।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि यह सभी सिक्किम निवासी के नवनिर्मित मकान में चौंतड़ा में पिछले कई दिनों से ठहरे हुए थे और यहां अवैध तरीके से बढ़ई और पेन्टर का कार्य करते थे। जबकि मकान मालिक फरार बताया गया है जिसकी तलाश की जा रही है।

श्री दुल्लर ने बताया कि उक्त नागरिकों के पास शॉट टर्मज पर्यटक वीजा है। ‘‘वे कुछ समय से यहां अलग-अलग रह रहे थे, उनके परिचय पत्रों की जांच की जा रही है, क्योंकि उन्होंने खुद को विदेशी कार्यालय में पंजीकरण भी नहीं किया गया है।

यहां बता दें कि चौतडां गांव कांगड़ा जिले की सीमा से सट्टे मण्ड़ी-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्थित है, जहां बड़ी संख्या में निर्वासित तिब्बती लोग बसे हुए है। पकड़े गये लोगो में चीन.ची सिहंाग, लियू.सू सिंहाग, हंग जो-यौन हू, चिउ पीन, सिहोंग-लॉंग हूयोंग, मिंग-चोंग चीन्न, क्यू-पीनचाउ और च्हीन पी शामिल है। इन चीनी नागरिकों की उम्र 20 से 40 साल के बीच बताई जा रही है। आठों चीनी नागरिकों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 379 व 411 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। उन पर आवश्यक वस्तु अधिनियम, आबकारी अधिनियम, आयकर अधिनियम व विदेशी अधिनियम के तहत भी मामले दर्ज किए गए हैं।

धर्मशाला में तिब्बती आध्यात्मिक नेता दलाईलामा का निवास स्थान होने के कारण ताइवान नागरिकों की मौजूदगी एक गंभीर विषय है। हाल ही में दलाईलामा ने कहा था कि चीनी एजेंटों से उनकी जान को खतरा है। उन्होंने कहा था कि उन्हें नुकसान पहुंचाने के लिए तिब्बती महिलाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है तथा चीनी एजेंट उन्हें जहर देने के लिए तिब्बती महिलाओं को प्रशिक्षित कर रहे हैं।