जब भी कांग्रेस ने चुनाव आयोग को घेरा, हार का करना पड़ा सामना : धूमल

शिमला, 26 मई । मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल ने केंद्रीय शुक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्री वीरभद्र सिंह के राज्य चुनाव आयोग पर दिए गए बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त की है कि जब-जब कांग्रेस पार्टी ने चुनाव आयोग पर विश्वास नहीं जताया है, तब-तब कांग्रेस पार्टी को हार का सामना करना पड़ा है। ज्ञात हो कि दो दिन पूर्व वीरभद्र ने कहा था कि राज्य चुनाव आयोग पर निष्पक्षता को लेकर उन्हें भरोसा नहीं है।

धूमल ने शनिवार को प्रेस वार्ता में कहा कि जो पार्टी चुनाव से पहले अपनी हार सामने देख रही हो, वही ऐसे तथ्यहीन आरोप लगाती है। वर्ष 2007 में भी कांग्रेस ने विधानसभा चुनावों के दौरान इस प्रकार के आरोप लगाए थे और उन्हें हार का सामना करना पड़ा था।
धूमल ने निगम चुनाव में कार्यरत सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को हिदायत दी कि वे बिना किसी भय के निष्पक्ष चुनाव करवाएं ताकि आम मतदाता की स्पष्ट झलक सब को मिल जाए। उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे निर्भय होकर अपनी ईच्छानुसार मतदान करें।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने सता में आने के बाद लोगों की समस्याएं निपटाने के लिए प्रशासन जनता के द्वार कार्यक्रम आरंभ किए हैं। इसी तर्ज पर नगर निगम में भी महापौर, उपमहापौर और संबंधित पार्षदो को लेकर विभिन्न वार्डों में प्रशासन जनता के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे ताकि लोगों की समस्याओं का घर-द्वारा जाकर समाधान किया जा सके।
धूमल ने कहा कि शिमला शहर में पेयजल वितरण की सही व्यवस्था नहीं है और भविष्य में यह सुनिश्चिति किया जाएगा कि सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा प्रतिदिन निगम को मुहैया करवाए पानी और निगम द्वारा शहरवासियों को सप्लाई किए पानी की प्रेस रिलीज जारी की जाएगी।

धूमल ने कहा कि हैरिटेज भवन, ग्रीनरी और विकास के बीच संतुलन बिठाया जा सके, इसके लिए सरकार ने मास्टर प्लान तैयार किया है ताकि शिमला का समुचित विकास हो सके। उन्होंने कांग्रेस के उस आरोप को खंडन किया कि शहर का विकास कांग्रेस ने किया है। भाजपा के शासन में शहर के लिए पार्किंग व पेयजल जैसे महत्वपूर्ण विकास कार्य हुए हैं। जबकि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल के दौरान कभी भी निगम का ऋण माफ नहीं हुआ, वर्तमान भाजपा सरकार ने बिजली, पानी का 22.75 करोड़ राशि माफ की है।

पैट्रोल वृद्धि के संबध में पूछे गए प्रश्र के उत्तर में धूमल ने कहा कि पैट्रोल व डीजल पर प्रदेश सरकार ने पहले ही वैट की दरें कम की हैं। महंगाई से लोगों को राहत देने के लिए सस्ता राशन, सीएफल बल्व, एंबुलैंस सेवा और अटल स्कूल युनिफार्म जैसी निशुल्क योजनाएं चलाई हैं।