विधायक सुरेश भारद्वाज का नगर निगम चुनाव प्रभारी बनने से इंकार

शिमला, 28 अप्रैल। 

शिमला से स्थानीय भाजपा विधायक सुरेश भारद्वाज ने कहा है कि वे नगर निगम चुनावों के प्रभारी नहीं होंगे। विधायक ने शनिवार को पत्रकार वार्ता में कहा कि भाजपा के मेयर व डिप्टी मेयर पद के लिए प्रत्याशी 5 मई से पहले घोषित कर दिए जाएंगे।

इसे लिए पार्टी ने नगर निगम के क्षेत्र में आने वाले भाजपा मंडलध्यक्षों और महामंत्रियों को उम्मीदवार तय करने के लिए चर्चा करने के निर्देश दिए गए हैं। जो नाम सुझावों से आएंगे, वे चुनाव समिति के सम्मुख रखे जांएगे, जिस पर समिति अंतिम निर्णय लेगी। नगर निगम में विधानसभा के तीन क्षेत्र आते हैं जिसमें शिमला शहरी विधानसभा के 18 वार्ड, कुसुंपटी के 5 और शिमला ग्रामीण विधानसभा के 2 वार्ड शामिल हैं।

भारद्वाज ने कहा कि भाजपा नगर निगम चुनावों के लिए अपना घोषणा पत्र जारी करेगी जिसके लिए मीडिया सलाहकार समिमि के उपाध्यक्ष अशोक कपाहटिया की अध्यक्षता में सात सदस्य कमेटी गठित की गई है। कमेटी में भाजपा अध्यक्ष भी शामिल हैं।

नगर निगम चुनाव का ऐलान होते ही विकास कार्यों का श्रेय लेने की भी होड़ शुरू हो गई है। विधायक ने कांग्रेस पार्टी पर आरोप लगाते हुए कहा कि आज तक नगर निगम शिमला में कांगे्रस ने राज किया है और शिमला शहर का उत्पीडऩ किया है। शिमला में बनने वाली सभी पार्किग स्थल भाजपा सरकार की देन हैं, इनमें हाल ही में निर्माणाधीन तीन नई पार्किंग भी शामिल हैं।

भाजपा ने टीसीपी नियमों में संशोधन कर अवैध मकानों को नियमित करने का फैसला लिया है, जिससे केवल शिमला के ही नहीं, बल्कि प्रदेश के अन्य लोगों को राहत मिली है।  टीसीपी नियमों में मकानों को नियमित करने के लिए कंपोसिशन फीस के माध्यम से नियमतीकरण का प्रावधान किया है, जिसमें जमीन मालिक और लीज होल्डर दोनों शामिल हैं। ग्रीनबैल्ट के तहत आने वाली जमीनों में भी प्रावधान किया गया है कि जिसके तहत वर्ष 2000  से पहले खरीदी जमीनों पर लोग मकान बना सकेंगे। इस अवसर पर मीडिया सलाहकार समिति के उपाध्यक्ष अशोक कपाहटिया, प्रदेश महिला भाजपा अध्यक्ष रूपा शर्मा और भाजपा के पार्षद मौजूद थे।