कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय में गोल्डन जुबली रीडिंग हाल का उद्घाटन

कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय, कुरूक्षेत्र के जवाहर लाल नेहरू पुस्तकालय के नवनिर्मित गोल्डन जुबली रीडिंग हाल का उद्घाटन आज मुख्यमंत्री हरियाणा  भूपेन्द्र सिंह हुड्डा द्वारा किया गया। इस रीडिंग हाल के बनने में लगभग 7.5 करोड़ रूपए की लागत आई है। ज्ञातव्य हो कि इस रीडिंग हाल का शिलान्यास 30 अक्टूबर 2005 को मुख्यमंत्रीश्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा द्वारा किया गया था।

विश्वविद्यालय में छात्रो की बढती हुई संख्या एवं पुस्तकालय में जगह की कमी को देखते हुए तथा छात्रों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के लिए लाईबे्ररी के विस्तार की योजना तैयार की गई और विश्वविद्यालय के स्वर्ण जयन्ती वर्ष को यादगार बनाने के लिए गोल्डन जुबली रीडिंग हाल का शिलान्यास किया गया। इस गोल्डन जुबली रीडिंग हाल में छात्रों को सभी आधुनिक सुविधाएं जैसे कि एयर-कंडीशन, इंटरनेट, आडिया विजुअल सुविधाएं, ई-कान्फे्रंस, आरामदायक फरनीचर, कैप्सूल लिफ्ट, अग्निशमन कंट्रोल सिस्टम तथा कैफेटेरिया आदि सुविधाएं प्रदान की जाएगी।

इस नए पांच मंजिला भवन का कुल एरिया 57500 सिक्वेयर फीट है तथा इसमें वाई-फाई, कम्प्यूटर लैब, ए-वी लैब, ई-कान्फेंंसिंग, ट्रेनिंग लैब, ऑन लाईन डाटा बेस ई-जर्नल, ई-बुक्स, ई-थीसिज इत्यादि सुविधाएं प्रदान की गई हैं। इस रीडिंग हाल में लगभग 800 विद्यार्थियों के बैठने की व्यवस्था है।

कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय हरियाणा का पहला विश्वविद्यालय है जिसका शिलान्यास 11 जनवरी 1957 को भारत के प्रथम राष्ट्रपति डा. राजेन्द्र प्रसाद द्वारा किया गया था। विश्वविद्यालय के जवाहर लाल नेहरू लाईबे्ररी भवन का शिलान्यास 17 जुलाई 1967 को रखा गया था तथा 18 जुलाई 1972 को 33000 सिक्वेयर फीट में बनी इस तीन मंजिला भवन में लाईबे्ररी स्थापित की गई। जगह की कमी के कारण  1984-85 में इस भवन का विस्तार कर कुल एरिया 49230 सिक्वेयर फीट कर दिया गया। इसके विभिन्न तलों में 6 रीडिंग एरिया बनाए गए जिसमें लगभग 370 सीट लगाई गई ।